बेतिया से उप-संपादक का चश्मा :
समन्वय और जन-जागरूकता पर विशेष जोर
NCORD अंतर्गत जिलास्तरीय समिति की समीक्षा बैठक सम्पन्न
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
बेतिया, (मोहन सिंह)। मादक पदार्थों की तस्करी, बिक्री, भंडारण और सेवन पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से NCORD अंतर्गत जिलास्तरीय समिति की समीक्षा बैठक आज समाहरणालय सभागार में आयोजित की गई।

बैठक की संयुक्त अध्यक्षता तरनजोत सिंह, डॉ0 शौर्य सुमन (वरीय पुलिस अधीक्षक, बेतिया) तथा रामानंद कुमार कौशल (पुलिस अधीक्षक, बगहा) ने की। बैठक में प्रशासनिक, पुलिस और सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के वरीय पदाधिकारी शामिल हुए। बैठक में मादक पदार्थों की अवैध गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए बहु-आयामी रणनीति पर विस्तार से चर्चा हुई। जिला पदाधिकारी, तरनजोत सिंह ने कहा कि इस चुनौती से निपटने के लिए पुलिस, जिला प्रशासन, एसएसबी सहित सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ ठोस और परिणामोन्मुख कार्रवाई करनी होगी।
उन्होंने कहा कि केवल कार्रवाई ही नहीं, बल्कि व्यापक जन-जागरूकता अभियान भी समानांतर रूप से चलाया जाना आवश्यक है। जिला पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि जिला जनसंपर्क पदाधिकारी नशामुक्ति केंद्रों, नशामुक्ति के संदेश और रोकथाम से जुड़े विषयों पर होर्डिंग-बैनर लगवाना सुनिश्चित करें। साथ ही स्थानीय समाचार पत्रों और सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म के माध्यम से भी निरंतर प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि आमजन को जागरूक किया जा सके। उन्होंने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी और बिक्री पर रोक के लिए आसूचना (इंटेलिजेंस) संग्रह अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस दिशा में जीविका, कृषि, उत्पाद विभाग सहित सभी अनुमंडल पदाधिकारी अपने-अपने तंत्र के माध्यम से सूचनाएं एकत्र करें और पुलिस पदाधिकारियों के साथ साझा करें, ताकि त्वरित और प्रभावी कार्रवाई हो सके। वन क्षेत्रों और पहाड़ी इलाकों में संभावित गतिविधियों पर अंकुश के लिए डीएफओ को एसएसबी के साथ समन्वय स्थापित कर संयुक्त कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने कहा कि मादक पदार्थों के दुष्प्रभावों पर प्रभावी रूप से अंकुश लगाना बेहद जरूरी है और इसके लिए नियमित छापेमारी अभियान चलाया जाना चाहिए। वरीय पुलिस अधीक्षक, बेतिया डॉ0 शौर्य सुमन ने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है और सीजर की कार्रवाई भी हो रही है। पुलिस पदाधिकारी पूरी सतर्कता के साथ काम कर रहे हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि स्कूलों और कॉलेजों में विशेष जन-जागरूकता अभियान चलाए जाएं, ताकि छात्र-छात्राएं और उनके अभिभावक मादक पदार्थों के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक और सचेत हो सकें। पुलिस अधीक्षक, बगहा रामानंद कुमार कौशल ने कहा कि सभी संबंधित विभागों को मिलकर रोकथाम के लिए निरंतर कार्रवाई करनी होगी। उन्होंने बताया कि तस्करी पर नियंत्रण के लिए विभिन्न स्थानों पर नाका और चेकिंग की जा रही है, नियमित छापेमारी जारी है और नए संभावित मार्गों व क्षेत्रों में भी सघन जांच की व्यवस्था की जा रही है। हॉटस्पॉट क्षेत्रों की पहचान कर वहां नियमित जांच सुनिश्चित की जाएगी। इस अवसर पर श्री बलवंत सिंह, समादेष्टा, एसएसबी 44वीं बटालियन नरकटियागंज ने बताया कि एसएसबी द्वारा निरंतर निरोधात्मक कार्रवाई के साथ-साथ नशामुक्ति अभियान भी चलाया जा रहा है, ताकि आमजन को जागरूक कर इस सामाजिक बुराई के विरुद्ध प्रेरित किया जा सके। बैठक में एसएसबी के अन्य वरीय पदाधिकारियों और विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भी अपने-अपने सुझाव रखे। इस अवसर पर अपर समाहर्ता राजीव रंजन सिन्हा, सिविल सर्जन, एसडीएम बेतिया सदर, जिला पंचायत राज पदाधिकारी, मद्य निषेध विभाग के अधीक्षक सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे। वहीं, अन्य अनुमंडल पदाधिकारी और एसएसबी के अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक से जुड़े रहे।








