रिपोर्ट : विशेष ब्यूरो, पटना
भीमनगर बॉर्डर पर बायोमीट्रिक जांच हुई अनिवार्य
यात्रियों का कहना है कि प्रत्येक व्यक्ति की अलग-अलग बायोमीट्रिक जांच होने से आवागमन में काफी समय लग रहा है
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
पटना, (दिवाकर पाण्डेय)। नेपाल के सीमावर्ती क्षेत्रों में हाल ही में हुई हिंसक झड़पों और तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हो गई हैं। नेपाल में हुई हिंसा के दौरान चार लोगों की मौत हो गई थी, जिसके बाद कई दिनों तक उपद्रव, आगजनी और तोड़फोड़ की घटनाएं हुईं। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए नेपाल में सेना व सशस्त्र बलों की तैनाती की गई, वहीं भारतीय सीमा क्षेत्र में भी चौकसी बढ़ा दी गई है। नेपाल में उत्पन्न परिस्थितियों के मद्देनजर भारतीय क्षेत्र में सशस्त्र सीमा बल (SSB) और स्थानीय पुलिस द्वारा संयुक्त रूप से लगातार गश्त की जा रही है। सुरक्षा तंत्र को मजबूत करने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा संवेदनशील इलाकों का लगातार निरीक्षण किया जा रहा है, ताकि सीमा पार से होने वाली किसी भी संभावित घुसपैठ या आपराधिक गतिविधि पर समय रहते अंकुश लगाया जा सके। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के तहत अब नेपाल आने-जाने वाले सभी यात्रियों के लिए बायोमीट्रिक जांच को अनिवार्य कर दिया गया है। पूर्व में यात्री अपने मोबाइल में मौजूद पहचान पत्र दिखाकर भी सीमा पार कर लेते थे, परंतु अब भौतिक पहचान पत्र प्रस्तुत करने के साथ-साथ बायोमीट्रिक सत्यापन की प्रक्रिया से गुजरना अनिवार्य होगा। यह व्यवस्था महिलाओं, पुरुषों और बच्चों सभी पर समान रूप से लागू की गई है। भीमनगर स्थित एसएसबी चेक पोस्ट पर गहन जांच प्रक्रिया के कारण नेपाल आने-जाने वाले लोगों की लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। यात्रियों का कहना है कि प्रत्येक व्यक्ति की अलग-अलग बायोमीट्रिक जांच होने से आवागमन में काफी समय लग रहा है। स्थानीय लोगों और यात्रियों ने जिला प्रशासन व एसएसबी से मांग की है कि जांच की गति तेज करने के लिए चेक पोस्ट पर अतिरिक्त कर्मियों और उपकरणों की तैनाती की जाए। एसएसबी अधिकारियों के अनुसार, यह सख्त कदम एहतियातन और दोनों देशों के नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उठाया गया है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि सीमा पार से पहचान छिपाकर किसी भी संदिग्ध के प्रवेश को रोकने के लिए यह सत्यापन अत्यंत आवश्यक है। वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए सीमा पर यह कड़ी जांच व्यवस्था फिलहाल आगे भी जारी रहेगी।








