बेतिया से उप-संपादक का चश्मा :
4,819 अभ्यर्थी होंगे शामिल
कदाचार पर होगी सख्त कार्रवाई: जिला पदाधिकारी
परीक्षा संचालन में किसी भी स्तर पर लापरवाही या चूक बर्दाश्त नहीं की जाएगी
बायोमेट्रिक, सीसीटीवी, जैमर और वीडियोग्राफी की रहेगी कड़ी निगरानी
जिला पदाधिकारी की अध्यक्षता में बैठक सम्पन्न
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
बेतिया, (मोहन सिंह)। राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए), नई दिल्ली द्वारा आयोजित नीट यूजी-2026 की पुनर्परीक्षा 21 जून 2026 (रविवार) को जिले के आठ परीक्षा केंद्रों पर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच आयोजित की जाएगी।

परीक्षा अपराह्न 2.00 बजे से 5.15 बजे तक होगी। परीक्षा संबंधी औपचारिकताओं के लिए अभ्यर्थियों को 15 मिनट का अतिरिक्त समय दिया जाएगा। इस परीक्षा में जिले के कुल 4,819 अभ्यर्थी शामिल होंगे।परीक्षा के सफल, शांतिपूर्ण, निष्पक्ष एवं कदाचारमुक्त संचालन को लेकर आज समाहरणालय सभागार में जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुमन सहित सभी केंद्राधीक्षक, स्टैटिक दंडाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी, उड़नदस्ता दल एवं संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि नीट यूजी देश की सबसे महत्वपूर्ण प्रतियोगी परीक्षाओं में से एक है, इसलिए परीक्षा संचालन में किसी भी स्तर पर लापरवाही या चूक बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी प्रतिनियुक्त अधिकारियों एवं कर्मियों को परीक्षा संचालन संबंधी दिशा-निर्देशों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि परीक्षा की गोपनीयता और निष्पक्षता बनाए रखना प्रशासन की सर्वाेच्च प्राथमिकता है तथा किसी भी प्रकार की गड़बड़ी पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जिला पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश से पूर्व सभी अभ्यर्थियों की बायोमेट्रिक सत्यापन एवं सघन तलाशी अनिवार्य रूप से की जाए। साथ ही परीक्षा ड्यूटी में लगाए गए बायोमेट्रिक ऑपरेटर, सीसीटीवी ऑपरेटर, जैमर कर्मी और वीडियोग्राफरों का भी पहचान पत्र एवं व्यक्तिगत आई-कार्ड का सत्यापन कर ही उन्हें केंद्र के अंदर प्रवेश दिया जाए। उन्होंने बताया कि अभ्यर्थियों के लिए परीक्षा केंद्र पर प्रवेश का समय पूर्वाह्न 11.00 बजे से अपराह्न 1.30 बजे तक निर्धारित है। अपराह्न 1.30 बजे के बाद किसी भी अभ्यर्थी को परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। इसी अवधि में अभ्यर्थियों की तलाशी एवं बायोमेट्रिक जांच भी पूरी कर ली जाएगी। जिला पदाधिकारी ने सभी केंद्राधीक्षकों को निर्देश दिया कि परीक्षा केंद्रों पर पेयजल, बिजली, शौचालय, चिकित्सा सुविधा, एम्बुलेंस, अग्निशमन व्यवस्था तथा अन्य सभी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध रहें। साथ ही यातायात व्यवस्था को भी सुचारु बनाए रखने के निर्देश दिए गए, ताकि अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में किसी प्रकार की परेशानी न हो।बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. शौर्य सुमन ने कहा कि परीक्षा को पूर्णतः शांतिपूर्ण एवं कदाचारमुक्त कराने के लिए सुरक्षा के सभी मानकों का कड़ाई से पालन किया जाएगा। उन्होंने निर्देश दिया कि प्रत्येक अभ्यर्थी की विधिवत एवं सूक्ष्म तलाशी ली जाए तथा परीक्षा केंद्रों पर लगाए गए सीसीटीवी कैमरों की स्थिति की पहले से जांच कर ली जाए। उन्होंने सोशल मीडिया पर विशेष निगरानी रखने के भी निर्देश दिए, ताकि किसी भी प्रकार की अफवाह या अनुचित गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जा सके।
जिला मुख्यालय बेतिया में निम्नलिखित आठ परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं :-
आरएलएसवाई कॉलेज, एमजेके कॉलेज, पीएमश्री राजकीयकृत विपिन हाई स्कूल, राज सीनियर सेकेंडरी स्कूल, राज्य सम्पोषित कन्या प्लस टू विद्यालय, संत तेरेसा गर्ल्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल, गवर्नमेंट आमना उर्दू सीनियर प्लस टू स्कूल, पीएमश्री केंद्रीय विद्यालय, बेतिया। अभ्यर्थी परीक्षा केंद्र में केवल निर्धारित सामग्री ही साथ ले जा सकेंगे। इनमें पारदर्शी पानी की बोतल, पासपोर्ट आकार का फोटो चिपकाया हुआ प्रवेश पत्र, पोस्टकार्ड आकार का फोटो प्रारूप, अतिरिक्त पासपोर्ट आकार का एक फोटो, सरकार द्वारा जारी मूल एवं वैध फोटोयुक्त पहचान पत्र (जैसे आधार कार्ड, पैन कार्ड, पासपोर्ट, मतदाता पहचान पत्र अथवा ड्राइविंग लाइसेंस) तथा दिव्यांग अभ्यर्थियों के लिए दिव्यांगता प्रमाण पत्र शामिल है। किसी भी अभ्यर्थी को परीक्षा केंद्र के भीतर मोबाइल फोन, ब्लूटूथ, ईयरफोन, स्मार्ट वॉच, घड़ी, कैलकुलेटर, पेन ड्राइव, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, कागज के टुकड़े, किताब, नोट्स, पेन-पेंसिल बॉक्स, हैंडबैग, पर्स, वॉलेट, टोपी, धातु निर्मित आभूषण, खाद्य सामग्री अथवा किसी भी प्रकार के संचार उपकरण ले जाने की अनुमति नहीं होगी। यदि किसी अभ्यर्थी के पास परीक्षा केंद्र के भीतर कोई प्रतिबंधित सामग्री पाई जाती है, तो इसे कदाचार माना जाएगा और उसके विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी। बैठक में अपर समाहर्ता-सह-जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी अनिल कुमार सिन्हा, डीआरडीए निदेशक अरुण प्रकाश, विशेष कार्य पदाधिकारी (जिला गोपनीय शाखा) सुजीत कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी, बेतिया सदर विकास कुमार, शिक्षा विभाग के डीपीओ सहित सभी केंद्राधीक्षक, स्टैटिक दंडाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी एवं उड़नदस्ता दल के सदस्य उपस्थित रहे।








