रिपोर्ट : बेतिया डेस्क, उप-संपादक
सर्वोच्च न्यायालय द्वारा पारित न्यायादेश आधारित नगर निगम से पारित प्रस्ताव पर ई-टेंडरिंग विधि से एजेंसी का किया गया है चयन
बोली महापौर- नगर निगम क्षेत्र में बढ़ते आवारा कुत्तों के आतंक से आम जनता को निजात दिलाने के लिए बड़ी पहल के तहत नगर निगम प्रशासन द्वारा जारी किया गया है कार्यादेश
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
बेतिया, (मोहन सिंह)। महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने बताया कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय के न्यायादेश के आलोक में नगर निगम द्वारा पारित प्रस्ताव पर शहर में बढ़ते आवारा कुत्तों के आतंक से निजात दिलाने के लिए बड़ी पहल की गई है।
नगर निगम द्वारा पारित प्रस्ताव के आधार पर कार्यादेश जारी किया गया है। जारी कार्यादेश के अनुसार महापौर श्रीमती सिकारिया ने बताया कि प्रतिष्ठित संस्था ‘संतुलन जीव कल्याण’ को दो वर्षों के लिए यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। ई- टेंडरिंग विधि से निविदा आमंत्रण की विहित प्रक्रिया के तहत चयनित एजेंसी जल्द ही इस कार्य की शुरुवात करेगी। महापौर श्रीमती सिकारिया ने बताया कि इस योजना के तहत नगर निगम क्षेत्र के सभी आवारा कुत्तों को पकड़कर उनका बर्थ कंट्रोल किया जाएगा और अनिवार्य रूप से एंटी रैबीज का टीका लगाया जाएगा। इसके बाद ही उन्हें पकड़े गए उसी स्थान पर छोड़ा जाएगा। महापौर गरिमा देवी सिकारिया ने इस संबंध में स्पष्ट निर्देश दिया है कि बिना बर्थ कंट्रोल और बिना रैबीज टीकाकरण के किसी भी कुत्ते को नहीं छोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि यह अभियान सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करेगा और शहरवासियों को कुत्तों के काटने और लगातार बढ़ती आबादी की समस्या से राहत मिलेगी। यहां उल्लेखनीय है कि इस फैसले से शहर में स्वच्छता और सुरक्षा को लेकर लोगों में उम्मीद के साथ सर्वोच्च न्यायालय द्वारा पारित आदेश का अनुपालन सुनिश्चित होने की उम्मीद जगी है।








