रिपोर्ट : छपरा डेस्क
छात्र-छात्राओं ने भाषण, कविता-पाठ, निबंध, क्विज एवं वाद-विवाद प्रतियोगिताओं में लिया उत्साहपूर्वक भाग
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
एकमा, (सारण)। हिन्दी दिवस के अवसर पर सोमवार को सारण जिले के एकमा स्थित रामाधार सिंह टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज के डॉ. राजेंद्र प्रसाद सभागार में विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ कॉलेज के सचिव ई. जयप्रकाश सिंह ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर किया।
इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. मृत्युंजय मिश्रा, ट्रस्टी राजीव कुमार शर्मा, ठाकुर सिंह, कमल कुमार सिंह, कॉलेज के कर्मी हरिशंकर सिंह, नागेंद्र कुमार सिंह एवं अनूप कुमार सहित शिक्षकगण तथा बी.एड. और डीएलएड के प्रशिक्षु छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कॉलेज के सचिव ई. जयप्रकाश सिंह ने कहा कि हिंदी केवल अभिव्यक्ति का माध्यम नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, सभ्यता और सामाजिक एकता को मजबूत करने वाली महत्वपूर्ण कड़ी है। उन्होंने विद्यार्थियों से हिंदी के प्रति सम्मान की भावना विकसित करने तथा दैनिक जीवन में इसके अधिकाधिक प्रयोग को बढ़ावा देने का आह्वान किया। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. मृत्युंजय मिश्रा ने विद्यार्थियों को हिंदी भाषा के अधिकाधिक प्रयोग के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि भाषा के प्रति प्रेम और सम्मान को व्यवहार में उतारना ही हिंदी के विकास में वास्तविक योगदान है। वहीं कॉलेज के प्राध्यापक अनूप कुमार ने कहा कि वर्ष 2026 का राष्ट्रीय हिंदी दिवस भारतीय भाषाओं के संवर्धन, डिजिटल एवं तकनीकी विकास तथा वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने में भाषा की सशक्त भूमिका को रेखांकित करता है। उन्होंने कहा कि बदलते तकनीकी दौर में हिंदी को ज्ञान-विज्ञान और डिजिटल माध्यमों से जोड़ना समय की महत्वपूर्ण आवश्यकता है। इस अवसर पर भाषण, कविता-पाठ, निबंध लेखन, हिंदी क्विज एवं वाद-विवाद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रशिक्षु छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए हिंदी भाषा के महत्व, उपयोगिता और वर्तमान समय में उसकी प्रासंगिकता पर अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों में हिंदी के प्रति विशेष उत्साह और जागरूकता देखने को मिली। वक्ताओं ने हिंदी को शिक्षा, ज्ञान, तकनीक, संचार एवं सामाजिक समन्वय का प्रभावी माध्यम बनाने की दिशा में सामूहिक प्रयास करने पर जोर दिया।


