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उन्नयन लाइव क्लास के माध्यम से बाल विवाह मुक्त भारत कार्यक्रम का प्रचार-प्रसार

बेतिया से उप-संपादक का चस्का :

अमरेंद्र कुमार राज, अवर न्यायाधीश-सह- सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार प० चंपारण ने लाइव क्लास के माध्यम से विद्यार्थियों को संबोधित किया और कार्यक्रम के बारे में बताया

न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज

– अमिट लेख

बेतिया, (मोहन सिंह)। बाल विवाह मुक्त भारत कार्यक्रम के अंतर्गत जिले में बाल विवाह से मुक्ति हेतु व्यापक प्रचार-प्रसार करने के लिए बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार पटना एवं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह- अध्यक्ष एवं अवर न्यायाधीश -सह- सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार प० चंपारण के द्वारा लगातार जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है।

फोटो : मोहन सिंह

इसी क्रम में आज बाल विवाह मुक्त भारत विषय पर उन्नयन बिहार, पश्चिमी चंपारण में डिजिटल लाइव क्लास का आयोजन किया गया। अमरेंद्र कुमार राज, अवर न्यायाधीश-सह- सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकार प० चंपारण ने लाइव क्लास के माध्यम से विद्यार्थियों को संबोधित किया और कार्यक्रम के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली तथा महिला एवं बाल विकास मंत्रालय के निर्देश के आलोक में 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत लोगों को जागरूक बनाने के लिए विभिन्न माध्यम से प्रचार प्रसार किया जा रहा है। आज डिजिटल लाइव क्लास के माध्यम से जिले के कई स्कूलों के हजारों विद्यार्थी इसकी जानकारी से जुड़ें। वही लाइव क्लास का संचालन करती हुई शिक्षिका सुश्री मेरी आडलीन ने बाल विवाह मुक्त भारत कार्यक्रम के बारे में विस्तार से जानकारी दी। बाल विवाह क्या है? बाल विवाह का दुष्प्रभाव, बाल विवाह और कानून, बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 की जानकारी, बाल विवाह करने और करवाने वालों के लिए सजा का प्रावधान और बाल विवाह के रोकथामआदि की विस्तृत जानकारी दी। लाइव क्लास से जुड़े विद्यार्थियों को संबोधित करती हुई, सुश्री आडलीन ने कहा, अगर कहीं भी बाल विवाह हो रहा है तो उसे रोकने के लिए चाइल्ड हेल्प लाइन नम्बर 1098, आपात नम्बर 112, महिला हेल्प लाइन नम्बर 181 पर संपर्क करके सूचना दे सकते है। आप बिल्कुल न डरे, इसमें डरने की कोई भी बात नहीं है, सूचना देने वालो का नाम गुप्त रखा जाता है इसलिए समाज में कहीं भी अगर 18 वर्ष से कम उम्र की लड़की और 21 वर्ष से कम उम्र के लड़के का बाल विवाह हो रहा है तो आप प्रशासन को इसकी जानकारी अवश्य दें। आपकी एक सूचना से बाल विवाह के जाल में फंसने से कई नाबालिक लड़के, लड़की की जीवन बचाया जा सकता है। सुश्री आडलीन ने कहा बाल विवाह की रोकथाम की जिम्मेदारी सिर्फ प्रशासन कि नहीं है बल्कि प्रत्येक व्यक्ति का कर्तव्य है कि समाज में हो रहे ऐसी कुरीतियों के रोकथाम के लिए आगे आये और बाल विवाह मुक्त भारत कार्यक्रम को सफल बनायें। याद रखें फर्ज नहीं पाप है, बाल विवाह अपराध है। बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के सफल आयोजन में जिला समन्वयक राकेश डिक्रूज, गौतम कुमार, विभोर कुमार, मंजीत कुमार सहित अन्य ने अपना योगदान दिया।

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