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आखिरी दिन वार्डों में भ्रमण कर मॉक ड्रिल अभ्यास से प्रगणकों ने सीखी डिजिटल गणना की बारीकियां
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
एकमा, (सारण)। जनगणना 2026-27 के प्रथम चरण में मकान सूचीकरण एवं मकान गणना को लेकर आयोजित द्वितीय बैच के तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन शनिवार की शाम सारण जिले के एकमा स्थित अलख नारायण सिंह उच्च माध्यमिक विद्यालय में हो गया।

प्रशिक्षण के अंतिम दिन प्रशिक्षु प्रगणकों को व्यावहारिक अनुभव देने के उद्देश्य से नगर पंचायत एकमा बाजार के विभिन्न वार्डों में मॉक ड्रिल अभ्यास कराई गई। अपराह्न सत्र में वार्ड संख्या-7 में पर्यवेक्षक प्रशांत कुमार, मंजीत कुमार तिवारी, रंजीत प्रसाद, ओम प्रकाश सिंह आदि के नेतृत्व में रंजीत पासवान, के.एम. पंडित,

धीरेंद्र सिंह, संजय मांझी, रोहित कुमार महतो, सोनम मिश्रा, दीपक कुमार, दिग्विजय कुमार गुप्ता, कमल कुमार सिंह, अमित कुमार सिंह, साकेत कुमार, संदीप कुमार, ब्रजेश कुमार, गुप्तेश्वर चौधरी, उमेश सिंह, चंद्रमणि सिंह समेत अन्य प्रगणकों ने घर-घर जाकर जनगणना कार्य का अभ्यास किया। जिसमें प्रगणकों ने सक्रिय भागीदारी निभाई।

मॉक अभ्यास के दौरान सभी प्रगणकों और पर्यवेक्षकों ने जनगणना प्रक्रिया की बारीकियों को समझते हुए वास्तविक परिस्थितियों में कार्य करने का अनुभव प्राप्त किया। प्रशिक्षण का उद्देश्य उन्हें डिजिटल माध्यम से होने वाली मकान गणना के लिए पूरी तरह तैयार करना था।

प्रशिक्षण कार्यक्रम के निरीक्षण एवं मार्गदर्शन के लिए नगर चार्ज जनगणना अधिकारी सह बीडीओ डॉ. अरुण कुमार, जिला पंचायती राज पदाधिकारी शशि कुमार, अपर चार्ज पदाधिकारी मिथलेश कुमार मेहता तथा प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी योगेन्द्र बैठा मौजूद रहे। प्रशिक्षकों से आखरी दिन प्रशिक्षण का फीडबैक प्राप्त किया गया। अधिकारियों ने बताया कि जनगणना के प्रथम चरण में मकानों की गणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से की जाएगी, इसलिए कार्य में सटीकता और गंभीरता बनाए रखना बेहद जरूरी है। इस दौरान आईटी सहायक सैयद अंसारी, शिक्षक निर्भय कुमार सिंह, मास्टर ट्रेनर विशाल कुमार चंदेल, शशि कपूर, सुनील सिंह, सिकंदर कुमार, अरुण ओझा, सतीश कुमार, सुनील कुमार, रितेश कुमार, सत्यप्रकाश सिंह सहित अन्य मास्टर एवं फील्ड ट्रेनरों ने मार्गदर्शन किया। साथ ही प्रशिक्षु मंजीत कुमार तिवारी, शैलेश कुमार सिंह, दीपक कुमार, सुनील कुमार सिंह, योगेश कुमार सिंह, दिग्विजय कुमार गुप्ता, कमल कुमार सिंह, सच्चिदानंद आजाद, छविनाथ मांझी, रंजीत कुमार पासवान, कृष्ण मोहन पंडित, राजेश कुमार सिंह, शालिनी शुक्ला, ज्योति कुमारी सहित अन्य प्रशिक्षु मौजूद रहे। सभी को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।








