पटना से हमारे विशेष ब्यूरो की रिपोर्ट :
जून 2026 के अंत में हुई शिक्षक पात्रता परीक्षा (टी ई टी) पेपर लीक मामले में बिहार का कनेक्शन एक बार फिर आया सामने
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
पटना, (दिवाकर पाण्डेय)। बिहार के परीक्षा माफियाओं ने महाराष्ट्र (टी ई टी) 2026 का पेपर परीक्षा से ठीक एक दिन पहले लीक करा दिया, जिसके कारण परीक्षा को स्थगित करना पड़ा है। मुख्य मास्टरमाइंड और बिहार कनेक्शन जांच एजेंसियों और पुलिस के अनुसार, इस पूरे रैकेट का मुख्य मास्टरमाइंड बिहार के समस्तीपुर का रहने वाला बिजेंद्र गुप्ता है। पुलिस रिकॉर्ड और जांच के मुताबिक, बिजेंद्र गुप्ता पिछले लगभग 25 वर्षों से देश के अलग-अलग राज्यों में पेपर लीक कराने का नेटवर्क चला रहा है। वह पहले भी कई बड़ी परीक्षाओं (जैसे ओडिशा SSC, BPSC और NEET-UG) के पेपर लीक मामलों से जुड़ा रहा है। महाराष्ट्र की ठाणे (भिवंडी) पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी करके तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें से दो आरोपी — राजीव शॉ (45 वर्ष) और आकाश कुमार (30 वर्ष) बिहार के पटना के रहने वाले हैं, जबकि तीसरा आरोपी धीरज कुमार हरियाणा का है। गिरफ्तार किए गए आरोपी दिल्ली से TET परीक्षा के 4 सेट प्रश्नपत्र लेकर महाराष्ट्र पहुंचे थे। वे इस लीक पेपर को करीब 1.5 करोड़ रुपये में बेचने की फिराक में थे। पुलिस ने इनके पास से प्रश्नपत्र, कई डेबिट और क्रेडिट कार्ड बरामद किए हैं। भिवंडी के DCP पवन बनसोड के नेतृत्व में एक SIT का गठन किया गया है जो इस पूरे मल्टी-स्टेट नेटवर्क की जांच कर रही है। मुख्य सरगना बिजेंद्र गुप्ता फिलहाल फरार है और पुलिस उसकी तलाश में छापेमारी कर रही है। इस पेपर लीक की वजह से 28 जून 2026 को होने वाली महाराष्ट्र TET परीक्षा को ऐन वक्त पर रद्द करना पड़ा, जिससे 6 लाख से अधिक उम्मीदवारों का भविष्य अधर में लटक गया है। सरकार ने आरोपियों पर मकोका (MCOCA) जैसी सख्त कानूनी कार्रवाई करने के संकेत दिए हैं। महाराष्ट्र TET पेपर लीक मामले में बिहार के कथित मास्टरमाइंड बिजेंद्र गुप्ता के नाम के खुलासे और पुलिस की शुरुआती जांच से जुड़ी न्यूज़ रिपोर्ट दिखाता








