बेतिया से उप-संपादक का चश्मा :
भाकपा माले ने पुछा नीतीश जी बेतिया राज में बसें हजारों लोगों का हस्ताक्षर युक्त आवेदन नहीं लेना कौन सा डेमोक्रेसी है?
जनता का आवेदन नहीं लेना चम्पारण की जनता का अपमान है- माले*
नीतीश कुमार के शहर में (सभा में )कागज – कलम और जुबान पर रोक डेमोक्रेसी की हत्या हैं : माले
बेतिया राज की जमीन पर बुलडोजर नहीं, कानूनी अधिकार देने की मांग
28 जनवरी को जिलाधिकारी के समक्ष विशाल प्रदर्शन में हजारों की संख्या में पहुचने का किया ‘आह्वान
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
बेतिया, (मोहन सिंह)। जनता का आवेदन पत्र नहीं लेना, संवाद सभा में आवेदन पत्र और कलम ले जाने पर रोक, माले के युवा नेता फरहान राजा को सुबह 6 बजे ही गिरफ्तार कर लेना, आइसा के छात्रों को एमजेके कॉलेज परिसर में ही डीटेन करने आदि तानाशाही के खिलाफ भाकपा माले ने समाहरणालय गेट पर मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री का पुतला दहन किया।

पुतला दहन के बाद सभा को सम्बोधित करते हुए बेतिया राज भूमि अधिकार संघर्ष मोर्चा के जिला संयोजक संजय यादव ने कहा कि समृद्धि यात्रा पर बेतिया पहुंचे माननीय मुख्यमंत्री सहित दर्जनों मंत्रीयों से जनता में काफी उम्मीद थी, इस लिए बेतिया राज की जमीन पर लम्बे समय से बसें हजारों हजार के घरों पर बुलडोजर चलाने पर रोक और उक्त जमीन पर कानूनी अधिकार की मांग से सम्बन्धित हस्ताक्षर युक्त आवेदन पत्र सौपना चाहते थे जिला प्रशासन ने आश्वासन भी दिया था कि एक प्रतिनिधिमण्डल को मंत्री जी से मिलाकर आवेदन पत्र दिला देगें।

लेकिन नितीश जी के संवाद सभा में भाजपा जदयू की सरकार ने सिर्फ आवेदन पत्र ही नहीं किसी भी प्रकार के कागज- कलम प्रवेश पर रोक थी , यहां तक की भाकपा माले के युवा नेता फरहान राजा को सुबह 6 बजे से ही गिरफ्तार कर मनुआ पुल थाना में बंद कर दिया गया ताकि विरोध की आवाज को चुप्प करा दिया जाए यानी नीतीश कुमार के शहर में (सभा में) कागज – कलम और जुबान पर प्रतिबंध लगा कर लोकतंत्र की हत्या किया जा रहा है। आगे 28 जनवरी को जिलाधिकारी के समक्ष विशाल प्रदर्शन में भाग लेने के लिए आह्वान किया। भाकपा माले सह किसान नेता विनोद यादव ने कहा कि लोकतंत्र में न्याय के लिए अपनी सरकारों को आवेदन देने का अधिकार बहुत छोटा सा अधिकार है उस अधिकार को भी भाजपा जदयू सरकार में खत्म किया जा रहा है आगे कहा कि आवेदन नहीं लेना जनता सहित चम्पारण का अपमान है, इस अपमान का हिसाब आने वाले समय में जनता लेगी, भाकपा माले सह युवा नेता फरहान राजा ने कहा कि हम भगत सिंह के वारिस है, जेल में बंद कर जनता के पक्ष में आवाज उठाने से नहीं रोक सकते, आगे कहा कि जुबान पर रोक लगाने के बदले बेतिया राज की भूमि पर बसे सभी परिवारों को तत्काल स्वामित्व/पर्चा/पट्टा प्रदान किया जाए। बुलडोजर बाबा बनने का सपना त्यागना चाहिए। इस मौके पर शेख ताहीर, जमीर खान, दिनेश गुप्ता, हाकिम, भरत शर्मा, श्रवण यादव, कमल देव राम, सुरेन्द्र चौधरी, सोना देवी, रमाशंकर राम, अरूण तिवारी, मुरारी श्रीवास्तव, नन्दकिशोर शर्मा, मोहम्मद सलामत, समस परवेज, मोहम्मद राजा, आतिफ राजा, महम्मद फिरोज आदि नेताओं ने भी सभा को संबोधित किया।








