छपरा से हमारे उप-संपादक का संकलन :
भरहोपुर में आयोजित श्री शतचंडी महायज्ञ के छठवें दिन विधिवत पूजन के बाद माता को 56 भोग किया गया अर्पित
वैदिक मंत्रों से गूंजा वातावरण, उमड़ रही श्रद्धालुओं की भीड़
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
संवाददाता
एकमा, (सारण)। नगर पंचायत एकमा बाजार क्षेत्र के भरहोपुर गांव स्थित मां कामाख्या धाम मंदिर परिसर में आयोजित नौ दिवसीय श्री शतचंडी महायज्ञ में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है।

महायज्ञ स्थल पर वैदिक मंत्रोच्चारण और दुर्गासप्तशती के पाठ से पूरा वातावरण भक्तिमय बना हुआ है। शनिवार को महायज्ञ के छठवें दिन विधिवत पूजन के बाद माता को 56 भोग अर्पित किया गया, जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने भाग लेकर आस्था प्रकट की।

यज्ञाचार्य बालकृष्ण आशुतोषाचार्य के सानिध्य में आयोजित इस महायज्ञ में प्रधान यजमान विवेक कुमार सिंह के साथ जयननंदन सिंह, मोहन सिंह, पप्पू सिंह, मुन्ना सिंह, रंजय सिंह एवं रौशन सिंह सहित अन्य श्रद्धालु सक्रिय रूप से जुड़े हुए हैं। काशी से आए वैदिक आचार्यों- रामभद्र ओझा, पीयूष तिवारी, चितरंजन पाण्डेय, मंजीत तिवारी, गोविंदा पाण्डेय, विवेक मिश्रा, सुनील मिश्रा एवं गुंजन तिवारी आदि के द्वारा वेद मंत्रों का उच्चारण किया जा रहा है, जिससे क्षेत्र में भक्ति, शांति व आध्यात्मिक माहौल बना हुआ है।

मौके पर वाल्मीकि पांडेय, पूर्व वार्ड सदस्य पिंटू सिंह, मंजीत तिवारी, कमल कुमार सिंह सेंगर, रुचि सिंह, प्रशांत पांडेय, दीपक राज, अवधेश यादव, सतीश यादव, महेश्वर दुबे, युवराज सिंह, विनय, विवेक, विशाल आदि अन्य लोग मौजूद रहे।
महायज्ञ की शुरुआत बीते सोमवार को भव्य कलश यात्रा के साथ हुई थी।

जिसमें भरहोपुर, सरयुपार, कोहड़गढ़, खानपुर, दुबे टोला व गंजपर समेत आसपास के गांवों की महिलाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में सिर पर कलश रखकर शोभायात्रा में भाग लिया था। गाजे-बाजे, झांकियों और अश्वारोहियों के साथ निकली यह यात्रा नगर भ्रमण करते हुए डुमाईगढ़ स्थित सरयू नदी घाट पहुंची, जहां वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच जल भरकर श्रद्धालु पुनः यज्ञ स्थल लौटे थे।

लगभग एक किलोमीटर लंबी इस यात्रा के दौरान जयघोष से पूरा क्षेत्र गूंज उठा था। पूर्व वार्ड सदस्य पिंटू सिंह ने बताया कि वाराणसी और अयोध्या से आए संत-महात्माओं के सानिध्य में महायज्ञ का आयोजन किया जा रहा है, जिसे ग्रामीणों के सहयोग से भव्य स्वरूप दिया गया है।

यज्ञाचार्य ने बताया कि प्रतिदिन पूजा-पाठ, हवन, यज्ञ मंडप की परिक्रमा, प्रवचन और भजन-कीर्तन का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें श्रद्धालु उत्साहपूर्वक भाग ले रहे हैं। उन्होंने बताया कि 28 अप्रैल को विधिवत हवन-यज्ञ के साथ महायज्ञ की पूर्णाहुति होगी तथा विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा।

वहीं 29 अप्रैल को मशहूर भोजपुरी लोकगीत गायक अजीत आनंद व उनकी टीम सहित अन्य भोजपुरी कलाकारों द्वारा भजन संध्या के कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। आयोजन को सफल बनाने में भरहोपुर गांव सहित क्षेत्र के ग्रामीणों की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। आयोजकों ने अधिक से अधिक श्रद्धालुओं से महायज्ञ में पहुंचकर धर्म लाभ अर्जित करने की अपील की है।








