बेतिया से उप-संपादक का चश्मा :
नये जल प्रबंधन एवं संरक्षण हेतु निजी भूमि पर चौर का विकास विषय पर एक महत्वपूर्ण परिचर्चा कार्यक्रम का आयोजन
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
बेतिया, (मोहन सिंह)। जल-जीवन-हरियाली दिवस के अवसर पर उप विकास आयुक्त, पश्चिम चम्पारण काजले वैभव नितिन की अध्यक्षता में नये जल प्रबंधन एवं संरक्षण हेतु निजी भूमि पर चौर का विकास विषय पर एक महत्वपूर्ण परिचर्चा कार्यक्रम का आयोजन समाहरणालय सभागार में किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उप विकास आयुक्त काजले वैभव नितिन ने कहा कि जल-जीवन-हरियाली अभियान राज्य सरकार की एक महत्वाकांक्षी पहल है, जिसका उद्देश्य वर्षा जल का संरक्षण, भू-जल स्तर में सुधार एवं पर्यावरण संतुलन को बनाए रखना है। उन्होंने कहा कि जिले में नए जलस्रोतों का निर्माण एवं परंपरागत जल संरचनाओं का पुनर्जीवन समय की आवश्यकता है। उन्होंने निजी भूमि पर चौर विकास की उपयोगिता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इससे जल संचयन के साथ-साथ किसानों की आय में वृद्धि होगी।
उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि इच्छुक किसानों को योजनाओं से जोड़ते हुए तकनीकी सहयोग उपलब्ध कराया जाए, ताकि जल संरक्षण के प्रयासों को जनभागीदारी के माध्यम से सफल बनाया जा सके।परिचर्चा के दौरान उन्होंने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने तथा योजनाओं की नियमित समीक्षा सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही जल-जीवन-हरियाली अभियान के अंतर्गत संचालित योजनाओं की प्रगति की निगरानी पर विशेष बल दिया गया। इस अवसर पर जिला पंचायती राज पदाधिकारी सौरभ आलोक, निदेशक, एनईपी पुरूषोतम त्रिवेदी, जिला सूचना एवं जनसम्पर्क पदाधिकारी राकेश कुमार सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी, अभियंता एवं कर्मी उपस्थित थे।








