रिपोर्ट : उप-संपादक, बेतिया डेस्क
बोले कम्युनिस्टों से डर गई भाजपा
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
बेतिया, (मोहन सिंह)। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के पश्चिम चंपारण जिला के जिला सचिव ओम प्रकाश क्रांति ने 1 सितंबर को दिल्ली में आयोजित होने वाली ‘बदलाव जरूरी है’ रैली को विफल करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा कथित तौर पर भाकपा नेताओं को हाउस अरेस्ट किए जाने की कड़ी आलोचना की है। ओम प्रकाश क्रांति ने कहा कि उत्तर प्रदेश में कम्युनिस्ट नेताओं को हाउस अरेस्ट कराकर योगी सरकार ने अपने डरपोक चेहरे और लोकतांत्रिक अधिकारों के प्रति असहिष्णु रवैये को उजागर किया है। उन्होंने कहा कि देशभर से लाखों कम्युनिस्ट दिल्ली पहुंच रहे हैं और यह बदलाव रैली देश को नई राजनीतिक दिशा देने का काम करेगी। भाकपा नेता ने कहा कि नेताओं को हाउस अरेस्ट करने से कम्युनिस्ट डरने वाले नहीं हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि यदि सत्ताधारी दल के नेताओं के सामने कम्युनिस्टों का ‘भूत’ मंडराने लगे, तो समझ लेना चाहिए कि सत्ता की कुर्सी सुरक्षित नहीं रह गई है। उन्होंने कहा कि 1 सितंबर की रैली में देशभर के कम्युनिस्ट नफरत की राजनीति को खत्म करने का हुंकार भरेंगे। रैली में संविधान की रक्षा, लोकतंत्र को मजबूत करने, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता सुनिश्चित करने तथा नौजवानों, मजदूरों, किसानों और महिलाओं के बेहतर भविष्य की राजनीतिक दिशा पर जोर दिया जाएगा। पश्चिम चंपारण जिला के जिला सचिव ओम प्रकाश क्रांति ने कहा कि उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर भी सरकार को कम्युनिस्टों की बढ़ती सक्रियता की चिंता सता रही है। उन्होंने कहा कि कम्युनिस्ट सत्ता में आएं या न आएं, लेकिन उत्तर प्रदेश के चुनावी समीकरण को प्रभावित करने की क्षमता जरूर रखते हैं।








