रिपोर्ट : बेतिया डेस्क, 01 नवम्बर 2026
नशा मुक्ति अभियान के तहत आम्रपाली प्रशिक्षण केंद्र के प्रशिक्षुओं ने निकाली हेरिटेज वॉक, ऐतिहासिक स्थलों पर लोगों को किया जागरूक
नंदनगढ़ से रामपुरवा पिलर तक पहुंचा जागरूकता दल, नुक्कड़ नाटक और गांधी जी के भजनों के माध्यम से दिया नशामुक्ति का संदेश
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
बेतिया, (मोहन सिंह)। नशा सभी बुराइयों की जड़ है। खराब संगत और परिस्थितियों के प्रभाव में आकर लोग धीरे-धीरे नशे की गिरफ्त में आ जाते हैं। शुरुआत में उन्हें लगता है कि नशे में ही जिंदगी का असली आनंद है, लेकिन धीरे-धीरे यही लत उनके जीवन, परिवार और भविष्य के लिए बड़ी सजा बन जाती है। इस सामाजिक बुराई को जड़ से समाप्त करने के लिए सरकार के प्रयासों के साथ-साथ समाज की सक्रिय भागीदारी भी बेहद जरूरी है।
फोटो : मोहन सिंहजब समाज एकजुट होकर इसके खिलाफ खड़ा होगा, तभी नशे की समस्या को प्रभावी ढंग से दूर किया जा सकेगा। उक्त बातें जिला कला एवं संस्कृति पदाधिकारी राकेश कुमार ने भितिहरवा गांधी आश्रम में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम के दौरान कहीं। वे नशा मुक्ति अभियान के अंतर्गत आम्रपाली प्रशिक्षण केंद्र के प्रशिक्षुओं एवं आश्रम में उपस्थित पर्यटकों को संबोधित कर रहे थे। कला एवं संस्कृति विभाग, बिहार सरकार द्वारा संचालित आम्रपाली प्रशिक्षण केंद्र में प्रशिक्षुओं को गायन, वादन एवं नृत्य का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
छाया : अमिट लेखनशा मुक्ति अभियान के तहत रविवार को केंद्र के प्रशिक्षुओं के लिए हेरिटेज वॉक का आयोजन किया गया। इसके माध्यम से जिले के ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक स्थलों के भ्रमण के साथ-साथ आमजन को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया गया। इस हेरिटेज वॉक में 50 से अधिक प्रशिक्षुओं ने भाग लिया। जागरूकता यात्रा की शुरुआत लौरिया स्थित ऐतिहासिक नंदनगढ़ से हुई। यहां प्रशिक्षुओं ने ऐतिहासिक स्थल का भ्रमण किया और इसकी विशेषताओं के बारे में जानकारी प्राप्त की। इस दौरान स्थानीय लोगों के साथ मिलकर सभी ने नशामुक्त समाज के निर्माण की शपथ ली। इसके बाद जागरूकता दल ने लौरिया स्थित अशोक स्तंभ का भ्रमण किया और फिर ऐतिहासिक भितिहरवा गांधी आश्रम पहुंचा। यहां मझौलिया डिग्री कॉलेज के सहायक प्राध्यापक डॉ. मोहम्मद दानिश ने चंपारण में महात्मा गांधी के आंदोलन तथा भितिहरवा आश्रम के ऐतिहासिक महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने उपस्थित लोगों को गांधी जी के विचारों, सामाजिक जागरूकता और जनभागीदारी की महत्ता से अवगत कराया। कार्यक्रम के दौरान आम्रपाली प्रशिक्षण केंद्र के शिक्षकों एवं प्रशिक्षुओं ने प्रार्थना सभा में महात्मा गांधी के प्रसिद्ध भजनों का गायन किया। इसके साथ ही नशे के दुष्परिणामों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने के लिए नुक्कड़ नाटक का मंचन किया गया। जिला युवा उत्सव में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले नाटक दल के प्रशिक्षुओं ने अपनी प्रस्तुति से लोगों को नशे से दूर रहने और स्वस्थ समाज के निर्माण का संदेश दिया।
छाया : अमिट लेखनाटक की प्रस्तुति देखकर वहां मौजूद पर्यटकों ने तालियों के साथ कलाकारों का उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर आश्रम में पहुंचे पर्यटकों को भी नशामुक्ति की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम के अगले चरण में जागरूकता दल रामपुरवा पिलर पहुंचा, जहां प्रशिक्षुओं को इस ऐतिहासिक स्थल की महत्ता से परिचित कराया गया। पूरी हेरिटेज वॉक के दौरान कला इतिहास के शोधार्थी वरुण राज ने विभिन्न ऐतिहासिक स्थलों के इतिहास, स्थापत्य एवं तकनीकी विशेषताओं के बारे में विस्तार से जानकारी साझा की। इस पहल के माध्यम से प्रशिक्षुओं को जहां जिले की ऐतिहासिक विरासत को समझने का अवसर मिला, वहीं संगीत, नाटक और सामूहिक शपथ के जरिए नशामुक्ति का संदेश भी जन-जन तक पहुंचाया गया। इस अवसर पर आम्रपाली प्रशिक्षण केंद्र के प्रशिक्षक असलम चिश्ती, जयमाला मिश्रा, उर्वशी कुमारी सहित चंदन झा, प्रशांत कुमार, अंशुमान कुमार, रौनक कुमार, पुज्जवल कुमार, चंद्रभूषण कुमार समेत दर्जनों प्रशिक्षु उपस्थित रहे।

