निर्माण के चार दिन बाद उग आया घास
न्यूज़ डेस्क,सुपौल
संतोष कुमार,प्रभारी ब्यूरो
अमिट लेख
त्रिवेणीगंज(सुपौल) : प्रखण्ड क्षेत्र के पथरा गौरधय पंचायत के बरेरवा वार्ड नंबर 15 से वार्ड नंबर 13 तक जाने वाली मुख्यमंत्री ग्राम संपर्क योजना की सड़क निर्माण में जमकर अनियमितता बरती गई है। नतीजा सड़क कालीकरण के चार दिन बाद ही सड़क पर घास उग आए है। गुणवत्ताविहीन सड़क निर्माण से आक्रोशित स्थानीय ग्रामीणों ने सोमवार को नव निर्मित सड़क पर आकर विरोध प्रदर्शन कर सड़क निर्माण कार्य की जांच कराने की मांग की है।
आक्रोशित ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि संवेदक सुगंधा देवी ने सड़क निर्माण में बड़े पैमाने पर प्राक्कलन की अनदेखी किया है ।जिसका नतीजा है कि मात्र चार दिन बाद ही कालीकरण किए गए सड़क पर हरी घास उग आए है। निर्माण कार्य स्थल पर लगाए गए योजना बोर्ड के अनुसार एसएच 327 ई पिपरा त्रिवेणीगंज शंभु यादव के घर से बरेरवा अंतिम सीमा तक इस सड़क की लम्बाई 3.00 किलोमीटर है जबकि एकरारनामा की राशि 2 करोड़ 30 लाख 94 हजार 003 रुपये है।


इस पक्की सड़क 2020- 21 में निविदा हुई थी, कार्य प्रारंभ की तिथि 14 दिसम्बर 2021 है। जबकि कार्य समाप्ति की तिथि 13 दिसम्बर 2022 है। लेकिन बर्ष 2023 के अंतिम महीने में निर्माण कार्य शुरू हुआ जो कि मात्र चार दिन में 31 दिसम्बर की रातों रात कम्प्लीट हो गई है। यहां बताते चले कि जब इस सड़क का कालीकरण किया जा रहा था तो ग्रामीणों ने कार्य को रुकवा कर विरोध प्रदर्शन भी किया। लेकिन इसके बाबजूद निर्माण कार्य में सुधार नहीं किया गया। बहरहाल सड़क निर्माण के मामले में विभाग ने भ्रष्टाचार की परत इतनी मोटी कर दी कि पक्की सड़क की परत ही पतली हो गई। बात यहीं खत्म तो आमजन पक्की सड़क बनने की खुशी में झूम उठते । लेकिन पक्की सड़क के एक छोर पर हाथ से कुरेदने पर ही सड़क भरभरा कर टूट जा रही है। सड़क में मेटेरियल के साथ अलकतरा बस सड़क का काला रंग में दिखने के लिए ही इस्तेमाल हुआ है। यह पूरी सड़क निर्माण ही भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गई है। मुख्यमंत्री ग्राम संपर्क योजना में लूट का मामला गंभीर है।लेकिन उससे भी ज्यादा गंभीर है। पक्की सड़क में घास का उग जाना ।
अब ये बेचारे घास का क्या दोष। भ्रष्टाचार हर परत को इतनी कमजोर कर दी कि ईमानदार घास बेचारा भ्रष्टाचार की परत से दबकर क्रांति करने हर परत को चीर कर बाहर निकल आया। भला ग्रामीण कार्य विभाग कार्य प्रमंडल त्रिवेणीगंज का जिसने इस सड़क निर्माण का नियमित जांच की खानापूर्ति कागजों पर ही करते रहे और संवेदक को योजना की राशि का भुगतान करते रहे। जिस सड़क में खराबी गांव में रहने वाली आम इंसान को हो गई। वह खराबी विभाग के इंजीनियर को नही दिखी,ये सवालिया निशान है। फिलहाल मामला सामने आने पर ग्रामीण कार्य विभाग कार्य प्रमंडल त्रिवेणीगंज ईई गिरिजानन्द सिंह ने जांच करने की बात कही है। अब देखना दिलचस्प होगा कि सड़क पर घास उगने की वजह घटिया निर्माण है या भ्रष्ट व्यवस्था का नई घास तकनीक। विरोध प्रदर्शन में ग्रामीण मह कुमार यादव रंजीत कुमार सुनील कुमार राजीव कुमार उपेन्द्र यादव राजीव कुमार योगेंद्र यादव,दिलीप कुमार,संजय कुमार,पप्पू साह, पवन साह, योगी साह, बुधाय यादव,प्रयाग साह, घनश्याम यादव, मनोज साह, भूमि साह, सीकेन्द्र यादव सहित दर्जनों ग्रामीण शामिल थे।








