पटना से हमारे विशेष संवाददाता की रिपोर्ट :
वन्यजीव अदला-बदली के तहत नालंदा से आईं दो मादा शेर, ‘पार्वती’ राजगीर रवाना
न्यूज़ डेस्क, ए.एल.न्यूज़
– अमिट लेख
पटना, (दिवाकर पाण्डेय)। पटना और राजगीर के बीच वन्यजीवों की अदला-बदली की गई है। केन्द्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण, नई दिल्ली की अनुमति मिलने के बाद इस कार्यक्रम को सफलतापूर्वक संपन्न किया गया। इसके तहत राजगीर जू सफारी, नालंदा से दो नई मादा एशियाई शेरनियों को पटना लाया गया है। इस वन्यजीव विनिमय (फेरबदल) कार्यक्रम के तहत जहाँ पटना जू को दो नई शेरनियां मिली हैं, वहीं पटना से एक मादा शेरनी को विदा भी किया गया है। संजय गांधी जैविक उद्यान से “पार्वती” नाम की मादा शेरनी को राजगीर जू सफारी, नालंदा भेजा गया है। यह पूरी प्रक्रिया दिनांक 15 फरवरी 2026 को आधिकारिक तौर पर पूरी कर ली गई। पटना चिड़ियाघर आने वाले पर्यटकों को इन नई मेहमान शेरनियों के दीदार के लिए अभी थोड़ा और इंतजार करना होगा। केन्द्रीय चिड़ियाघर प्राधिकरण के सुरक्षा और स्वास्थ्य मानकों को ध्यान में रखते हुए, राजगीर से लाई गई दोनों शेरनियों को वर्तमान में क्वारंटाइन में रखा गया है। नियमानुसार, 30 दिनों की क्वारंटाइन अवधि सफलतापूर्वक पूरी होने के उपरांत ही इन्हें आम जनता के लिए बाड़े में प्रदर्शित किया जाएगा। यह अदला-बदली कार्यक्रम वन्यजीवों के संरक्षण और चिड़ियाघरों के बीच आनुवंशिक विविधता बनाए रखने के उद्देश्य से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अलग-अलग चिड़ियाघरों के बीच जानवरों के इस तरह के आदान-प्रदान से उनके स्वास्थ्य और प्रजनन प्रबंधन में मदद मिलती है। पटना जू प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नई शेरनियों की देखभाल के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। राजगीर से आई दो नई शेरनियों के जुड़ने से संजय गांधी जैविक उद्यान में शेरों का कुनबा और भी सशक्त होगा, जो भविष्य में पर्यटकों के आकर्षण का मुख्य केंद्र बनेगा। वर्तमान में विशेषज्ञों की टीम नई शेरनियों के स्वास्थ्य और पटना के वातावरण के प्रति उनके अनुकूलन पर लगातार नजर बनाए हुए है। क्वारंटाइन अवधि समाप्त होते ही पटना जू द्वारा उनके प्रदर्शन की आधिकारिक घोषणा की जाएगी।








